हैदराबाद: तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी से AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी और मरकजी मिलाद जुलूस कमेटी के नेताओं ने शुक्रवार को मुलाकात की। इस बैठक में मिलाद-उन-नबी के अवसर पर प्राचीन मस्जिदों और दरगाहों को मुफ्त बिजली देने का अनुरोध किया गया। इसके अतिरिक्त, उन्होंने 5 सितंबर को मस्जिदों और दरगाहों को सजाने और 14 सितंबर को जुलूस निकालने की अनुमति भी मांगी।
इस मुलाकात में असदुद्दीन ओवैसी के भाई और AIMIM विधायक अकबरुद्दीन ओवैसी भी मौजूद थे। सीएमओ द्वारा जारी बयान के अनुसार, ओवैसी ने कहा, ‘मिलाद-उन-नबी मुस्लिम समुदाय के लिए एक महत्वपूर्ण त्योहार है। हम चाहते हैं कि सरकार इस मौके पर मस्जिदों और दरगाहों की सजावट के लिए मुफ्त बिजली प्रदान करे और जुलूस को शांतिपूर्वक निकालने की अनुमति दे।’
आंध्र प्रदेश में भी धार्मिक आयोजनों को समर्थन
वहीं, आंध्र प्रदेश सरकार ने भी धार्मिक आयोजनों को बढ़ावा देने के लिए पहल की है। आंध्र प्रदेश के ऊर्जा मंत्री जी. रवि कुमार ने बताया कि राज्य सरकार ने गणेश चतुर्थी के लिए 15,000 गणेश पंडालों को मुफ्त बिजली देने के लिए 25 करोड़ रुपये का बजट रखा है। मंत्री ने कहा, ‘हमारा उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि गणेश चतुर्थी के दौरान आध्यात्मिक कार्यक्रम बिना किसी रुकावट के चलें।’ उन्होंने यह भी बताया कि एनडीए सरकार कल्याणकारी योजनाओं के साथ-साथ संपत्ति सृजन पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है।
पिछली सरकार पर साधा निशाना
ऊर्जा मंत्री ने पूर्ववर्ती वाईएसआरसीपी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि 2019 से 2024 तक की सरकार ने आंध्र प्रदेश को कर्ज में डुबो दिया और अधूरी योजनाओं से लोगों को गुमराह किया। इस प्रकार, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश दोनों ही राज्य धार्मिक आयोजनों को समर्थन दे रहे हैं। तेलंगाना में मिलाद-उन-नबी के लिए मुफ्त बिजली और जुलूस की अनुमति की मांग की जा रही है, जबकि आंध्र प्रदेश में गणेश चतुर्थी के पंडालों को मुफ्त बिजली दी जा रही है। (पीटीआई)